पीरियड्स के कितने दिन बाद प्रेग्नेंसी होती है? Period Ke Kitne Din Baad Pregnancy Hoti Hai अक्सर महिलाओं का यह सवाल होता है कि गर्भधारण के लिए पीरियड्स के कितने दिन बाद (Period ke kitne din baad pregnancy hoti hai) सम्बन्ध बनाना चाहिए। कन्सीव करने का प्रयास कर रही महिलाएं इस मामले में इतनी परेशान होती हैं कि सबकी सलाह मानकर और भी कंफ्यूज हो जाती हैं। कोई कहता है पीरियड्स के तुरंत बाद प्रेगनेंसी होती है तो कोई कहता है पीरियड्स के 4 दिन बाद, कुछ लोगों का मानना है कि पीरियड्स के 11 दिन बाद प्रेगनेंसी होती है।…
Tubal Blockage Treatment in Hindi – फैलोपियन ट्यूब ब्लॉकेज का इलाज फैलोपियन ट्यूब क्या है? पूरी जानकारी – What is Tubal Blockage in Hindi निःसंतानता की समस्या वैश्विक स्तर पर एक चिंता का विषय बन गया है। वर्ल्ड हेल्थ आर्गेनाइजेशन के अनुसार प्रत्येक 6 में से 1 कपल निःसंतानता से परेशान है। आजकल ज्यादातर महिलाओं में निःसंतानता का मुख्य कारण ट्यूबल ब्लॉकेज (tubal blockage in Hindi) ही है। जिसकी वजह से महिला गर्भधारण नहीं कर पाती है और निःसंतानता की चपेट में आ जाती है। फैलोपियन ट्यूब में रूकावट होने पर ज्यादातर महिलाओं को कोई लक्षण दिखाई नहीं देता है…
क्या और कब होता है ओवुलेशन? ओवुलेशन पीरियड के लक्षण क्या है? ओवुलेशन किसी भी महिला के मेंस्ट्रुअल साइकिल के बीच के वो दिन होते हैं जब वह सबसे ज्यादा फर्टाइल होती है। यह वो समय होता है जब महिला का अंडा ओवरी से बाहर आकर फैलोपियन ट्यूब में आ जाता है तब अगर कोई कपल सम्बन्ध बनाते हैं तो उनके गर्भधारण की सम्भावना बढ़ जाती है। इसलिए जो कपल प्रेगनेंसी कन्सीव करना चाहते हैं उनके लिए यह जानना बहुत जरुरी है कि ओवुलेशन पीरियड के लक्षण क्या होते हैं? ओवुलेशन क्या होता है?, Ovulation period kab hota hai, ओवुलेशन…
प्रेगनेंसी का आठवां महीना (Pregnancy 8 Month Hindi) — लक्षण, खान पान, शारीरिक बदलाव और शिशु का विकास
Pregnancy 8 Month Hindi – लक्षण, खान पान, शारीरिक बदलाव और शिशु का विकास एक महिला के लिए शादी के बाद मां बनना वकाई बहुत खास होता है। गर्भावस्था का आठवां महीना वास्तव में काफी खुशियों से भरा होता है। और इस समय आपके घर के लोग अब आने वाले नन्हे मेहमान के लिए तैयार होने लग जाते हैं। वैसे तो गर्भावस्था के पूरे नौ महीने महत्वपूर्ण होते हैं, लेकिन आखिरी महीनों में काफी सावधानी बरतने की जरूरत होती है। (Pregnancy 8 Month Hindi) गर्भावस्था के 29वें सप्ताह से 32वें सप्ताह तक एक बहुत ही अनोखे सप्ताह हैं। आप इस…
दिवाली में अपनयाएं ये आयुर्वेदिक टिप्स और बनाएं अपनी दिवाली को स्वास्थ्यप्रद दिवाली में अपनयाएं ये आयुर्वेदिक टिप्स: दिवाली का त्यौहार हर वर्ष सर्दियों के शुरुआत में मनाया जाता है जब पुरे देश की आवो हवा बदल जाती है। दिवाली के मौके पर जलने वाले पटाखे से हवा प्रदूषित हो जाती है जिसका असर लोगों के स्वास्थ्य पर पड़ता है। इसलिए दिवाली के दौरान आपको अपनी हेल्थ का विशेष ध्यान रखना चाहिए। दिवाली से पहले आपके आस पास की हवा की गुणवत्ता खराब हो जाती है। दिवाली के समय खासतौर पर राजधानी दिल्ली और उसके आसपास के शहर की हालत…
आयुर्वेदा के जनक भगवान धन्वंतरि का अवतरण कैसे हुआ? आइये जानते हैं इसकी पूरी कहानी दिवाली से एक दिन पहले धनतेरस मनाने की परंपरा वर्षों से हमारे देश में चलती आ रही है। इसकी कोई तारीख निश्चित नहीं होती है बल्कि हिंदी तिथि के अनुसार यह दिन तय किया जाता है। हिंदी महीने के अनुसार कार्तिक के माह में कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि को धनतेरस मनाया जाता है। इस अवसर पर धन की देवी माँ लक्ष्मी और आयुर्वेदा के जनक भगवान् धन्वंतरि की पूजा आराधना की जाती है। इस दिन पूजा के साथ ही लोग सोने चाँदी की खरीददारी…
करवा चौथ व्रत के फायदे और इसका आयुर्वेदिक महत्त्व भारत में उपवास करने की परंपरा प्राचीनकाल से चलती आ रही है। इसके धार्मिक, सांस्कृतिक, सामाजिक और आध्यात्मिक महत्त्व हैं। उपवास करना भारतीय संस्कृति का वह हिस्सा है जिसे आज भी पूजा द्वारा देवताओं को समर्पित करने के रूप में अपनाया जाता है। वैसे तो सभी त्योहारों का अपना अलग महत्त्व होता है लेकिन भारत के लगभग हर हिस्से में मनाया जाने वाला सुहागिनों का महत्वपूर्ण पर्व करवा चौथ का व्रत है। ऐसी मान्यता है कि करवा चौथ का व्रत महिलाएं अपने पति के लम्बे उम्र के लिए करती हैं। (और पढ़े:…
स्पर्म काउंट कितना होना चाहिए ? आजकल बढ़ती हुयी बांझपन की समस्या को देखते हुए यह सवाल सभी कपल के मन में आता है कि एक स्वस्थ्य पुरुष का नॉर्मल स्पर्म काउंट कितना होना चाहिए? एक महिला के गर्भधारण के लिए पुरुष और महिला दोनों का स्वस्थ होना बहुत जरुरी है। नॉर्मल स्पर्म काउंट कितना होना चाहिए इसे जानने के लिए आप इस ब्लॉग पोस्ट को अंत तक जरूर पढ़ें। यहाँ आपको ये सभी जानकारी मिल जाएगी कि स्पर्म मोटिलिटी कितना होना चाहिए? स्पर्म काउंट कितना होना चाहिए, आदि। अक्सर लोगों के मन में यह धारणा होती है कि निःसंतानता…
इनफर्टिलिटी क्लिनिक इन हैदराबाद – Best Fertility Clinic/Hospitals in Hyderabad फर्टिलिटी क्लिनिक इन हैदराबाद : माँ बनने का एहसास सबसे निराला होता है। जब भी कोई स्त्री अपने गर्भ से किसी बच्चे को जन्म देती है और वह बच्चा उसे माँ कहकर बुलाता है तो उस ख़ुशी की तुलना किसी से नहीं की जा सकती है। लेकिन आजकल बदलती हुयी जीवनशैली, तनाव, शारीरिक रूप से कम एक्टिव होने के कारण बहुत सारे कपल्स पेरेंट्स नहीं बन पा रहे हैं। निःसंतानता की समस्या इतनी गंभीर हो गयी है आजकल हर छठा व्यक्ति इस समस्या से जूझ रहा है। निःसंतानता के कई…